शाहाबाद (हरदोई)। मानसून की पहली अच्छी बारिश ने ही शाहाबाद नगर पालिका की तैयारियों की पोल खोलकर रख दी है
*बरसात में डूबा शाहाबाद! जाम नालों ने खोली नगर पालिका की पोल, सड़कों पर बहता पानी बना आफत*

शाहाबाद (हरदोई)। मानसून की पहली अच्छी बारिश ने ही शाहाबाद नगर पालिका की तैयारियों की पोल खोलकर रख दी है। अल्लापुर से सराय दरवाजा तक और नगर के कई इलाकों में नालों और नालियों की नियमित सफाई न होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर भर गया, जिससे लोगों का आवागमन प्रभावित हो गया। जगह-जगह जलभराव की स्थिति बनने से राहगीरों, दुकानदारों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि हर वर्ष बरसात शुरू होने से पहले नालों की सफाई के दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर हालात कुछ और ही दिखाई देते हैं। नालों में जमा गाद, कूड़ा-कचरा और झाड़ियां पानी की निकासी में बाधा बन रही हैं। परिणामस्वरूप थोड़ी देर की बारिश भी सड़कों को तालाब में बदल देती है।
नगर के कई प्रमुख मार्गों और मोहल्लों में पानी भर जाने से लोगों को घुटनों तक पानी से होकर गुजरना पड़ा। दोपहिया वाहन फिसलने का खतरा बना रहा, जबकि कई स्थानों पर दुकानों के सामने पानी भर जाने से व्यापार भी प्रभावित हुआ। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नालों की सफाई कराई जाती तो ऐसी स्थिति पैदा नहीं होती।
स्थानीय नागरिकों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका की ओर से नालों की नियमित सफाई पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उनका कहना है कि बरसात के मौसम में हर साल यही समस्या सामने आती है, लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया जाता। जलभराव के कारण गंदगी फैल रही है, जिससे मच्छरों का प्रकोप बढ़ने और संक्रामक बीमारियों का खतरा भी मंडराने लगा है।
नगरवासियों ने प्रशासन और नगर पालिका से मांग की है कि सभी प्रमुख नालों और नालियों की तत्काल सफाई कराई जाए, जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त की जाए तथा जलभराव वाले क्षेत्रों का स्थायी समाधान निकाला जाए। लोगों का कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो बरसात बढ़ने के साथ स्थिति और गंभीर हो सकती है।
फिलहाल, शाहाबाद में हर बारिश के साथ जलभराव की समस्या एक बार फिर चर्चा का विषय बन गई है और नगरवासी नगर पालिका की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर रहे हैं।
*रिपोर्ट-जगतपलासिह पत्रकार*
*शाहाबाद (हरदोई)*




