अटल जी के आदर्शों को आत्मसात करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि : मीरा प्रवीण सिंह
अटल चौक पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को पुण्यतिथि पर किया नमन
पाकुड़। पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी की आठवीं पुण्यतिथि के अवसर पर रविवार को पाकुड़ भाजपा कार्यकर्ताओं ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। नगर थाना के समीप स्थित अटल चौक पर स्थापित अटल जी की आदमकद प्रतिमा पर भाजपा नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। इस दौरान राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को याद करते हुए उनके विचारों एवं आदर्शों को आत्मसात करने का संकल्प लिया गया।कार्यक्रम का नेतृत्व भाजपा नगर अध्यक्ष सोहन मंडल ने किया। मौके पर भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य मीरा प्रवीण सिंह, जिला महामंत्री रूपेश भगत, जिला उपाध्यक्ष हिसाबी राय, पूर्व जिलाध्यक्ष अनुग्राहित प्रसाद साह, विवेकानंद तिवारी, अमृत पांडेय, भाजयुमो जिलाध्यक्ष दीपक साहा, धर्मेंद्र त्रिवेदी, पंकज साह, राजेश डोकानियां, मनीष चौबे, रतन भगत सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मीरा प्रवीण सिंह ने कहा कि सभी पाकुड़वासियों की ओर से पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी को उनकी पुण्यतिथि पर सादर नमन है। राष्ट्र के चौतरफा विकास, सेवा, सुशासन और राष्ट्रीय हित के प्रति अटल जी का समर्पण सदैव प्रेरणादायी रहेगा। विकसित एवं आत्मनिर्भर भारत के निर्माण के लिए उनके विचार आज भी देशवासियों को दिशा प्रदान करते हैं।जिला महामंत्री रूपेश भगत ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी असंख्य भाजपा कार्यकर्ताओं के प्रेरणास्रोत और सुशासन के आदर्श प्रतिमान थे। उन्होंने सशक्त, समृद्ध और स्वावलंबी भारत के निर्माण के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया। भाजपा की स्थापना से लेकर राष्ट्र निर्माण तक उनका योगदान अविस्मरणीय है।पूर्व जिलाध्यक्ष अनुग्राहित प्रसाद साह ने कहा कि अटल जी ने मूल्य आधारित राजनीति को आगे बढ़ाते हुए विकास और सुशासन की मजबूत नींव रखी। उनके नेतृत्व में भारत ने पोखरण परमाणु परीक्षण और कारगिल युद्ध के दौरान दृढ़ राजनीतिक इच्छाशक्ति का परिचय दिया। उनका व्यक्तित्व और कृतित्व आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा।कार्यक्रम के अंत में भाजपा कार्यकर्ताओं ने कहा कि अटल जी को सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब उनके राष्ट्रहित, सुशासन, सेवा और सामाजिक समरसता के विचारों को जन-जन तक पहुंचाते हुए उनके सपनों के सशक्त एवं आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपना योगदान दिया जाए।




